————— *रक्षाबंधन* ————- भाई-बहन के पवित्र रिश्ते, भ्रातृत्व और सौहार्द के प्रतीक रक्षाबंधन की सभी को शुभकामनाएँ 🌹🌹🌹 रक्षाबंधन पर्व निराला, भारत ने अपनाया है। इसके पावन यश-वैभव को, ऋषि-मुनियों ने गाया है।। भाई-बहन का पावन नाता, यह उत्सव बतलाता है। बहना की रक्षा की खातिर, रक्षाबंधन आता है।। रक्षा का दायित्व निभाने, राखी याद […]
गजल- धोखे की नैया डूब जाएगी, सत्य की नौका पार लाएगी। रच ले कितनी भी साजिशें तू, बुरी नीयत ही मात खाएगी। अँधेरी हरकतों से बचोगे तो, रोशनी आकर मुस्कुराएगी। मन का दर्पण बुहार ले अपना, सत्यता साफ नजर आएगी। छोड़ रोना, भाग्य का अब तो, मेहनत ही पथ दिखलाएगी। अच्छा चरित्र धारो, इससे ही, […]
अनमोल गीत – किसी बात के दुख को लेकर, रोते रहना ठीक नहीं, सभी तरफ खुशियाँ चाहो तो, सोते रहना ठीक नहीं।। जीवन तो चलता रहता है, इसको खूब सँवारें हम, भूली-बिसरी बातों को नित, ढोते रहना ठीक नहीं।। जीवन है ‘अनमोल’ सभी का, इस पर हम सब गर्व करें, अपने जीवन में काँटों को, […]
गजल – हर दिशा अपमान ही अपमान है, ना कहीं साहित्य का सम्मान है। आ गया युग चारणी फिर लौटकर, काव्य मुख पर याचकी पहचान है। ईश के समकक्ष था जो कवि कभी, आजकल दरबार का दरबान है। दूर की जिसने सभी की मन व्यथा, वह विदूषक मंच का प्रतिमान है। पान कर मदिरा के […]
. 🌹🌹🌹 गजल- व्यस्त होने का बहाना हो गया। उनको आए इक ज़माना हो गया।। देख कर उनको अचानक राह में, दिल हमारा आशिकाना हो गया। चाँद का दर्शन अचानक यूँ हुआ, बहुत मुश्किल दिल बचाना हो गया। हिज्र की पीड़ा सताती ही रही, दर्द का दिल में ठिकाना हो गया। आपको हमसे मुहब्बत हो […]
गजल- जनता-हितेषियों की, सरकार कैसी आई? औटाया दूध हमने, वो खा गए मलाई।। है दूध यूरिया का, घी में मिली है चर्बी, बीमारी बढ़ रही है, नकली मिले दवाई। अपनी भलाई करते, दिन-रात व्यस्त दीखे, मंचों की फूल माला, देती उन्हें बधाई। खा-खा मलाई-मक्खन, औरों के बन्द ढक्कन, भाषण से कर रहे हैं, जनता की […]